ख़ुशी बड़ी हो या छोटी, बस उसके मजे लो

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मैं आज आपसे एक प्रश्न करना चाहता हूँ कि ” क्या आप उत्साहित है? ” मैं सब जनता हूँ कि आप लोगो का जवाब क्या होगा , हो सकता है सभी का नहीं परन्तु 80 से 90 प्रतिशत लोगो का यही जवाब होगा कि अभी तो नहीं हूँ पर जिंदगी में जब कभी कुछ नया होता है तभी हम उत्साहित होते है। रोज रोज वही एक जैसा – वही घर,वही काम , वही बॉस, वही साथ में काम करने वाले , वही ऑफिस,वही पत्नी ,वही बच्चे , रोज वही का वही , फिर उत्साह कैसे आए जीवन में ?
परन्तु जरा तो सोचो कि कुछ नया होने पर ही हम खुश या उत्साहित होंगे तो 50-60 की जिंदगी में कितनी बार नया होगा और हम कितनी बार खुश हो पाएंगे। एक व्यक्ति कितनी बार नौकरी या व्यवसाय बदलेगा,कितनी बार शादी करेगा ,कितने घर या कितनी कार खरीदेगा ,या कितने बच्चे पैदा करेगा। यदि वाकई आप भी उनलोगो में से है जो कुछ नया होने पर ही खुश या उत्साहित होते है तो समझ लो कि आप के जीवन में अब कुछ 8-10 खुशिया ही बाकि होंगी। दोस्तों मैं ये कहना चाहता हूँ कि जो लोग रोज रोज एक ही काम करने से बोर हो जाते है उनका जीवन निराश से भर जाता है और जीवन में मिलने वाली बड़ी खुशिया भी उसको नहीं मिल पति और जिंदगी भर सिर्फ और सिर्फ खुशियो का इंतजार ही करता रहा है। आप हे सोचो कि आपको कैसा लगेगा यदि कोई सर्जन सर्जरी करने से बोर हो जाए ,पायलट जहाज उड़ाने से बोर हो जाए, पत्नी आपको देख देख कर से बोर हो जाए , बच्चे अगर पिताजी कहने से बोर हो जाए।अगर  वाकई जिंदगी में खुशिया और उत्साह चाहते हो तो बोर होने कि आदत को छोड़ दो और रोज मिलने वाली छोटी छोटी खुशियो का मजा ले क्योकि “जीवन में बड़ी – बड़ी खिशियो के अवसर बहुत कम होते है लेकिन छोटी छोटी खुशियो के मौके हजारो होते है ”इसलिए मेहरबानी करके अपने दिमाग की खड़कियो को खोल दो ताकि बड़ी बड़ी खुशियो के इंतजार में आपके हाथ से छोटी छोटी खुशिया न निकल जाए। हँसो इतना कि तुम्हारी जिंदगी में हँसी भर जाए। इस तरह जियो कि पूरा जीवन मुस्कुराहट बन जाए और आप कि वजह से लोगो कि जिंदगी में भी मुस्कुराहट फ़ैल जाए। मैं तो बस इतना जानना चाहता हूँ कि क्या दुनिया में महंगाई के साथ साथ आप कि मुस्कुराहट भी महंगी हो गई है क्या? हो सकता है कि आप के दिमाग में ये प्रश्न आ रहा हो कि सर खुश कैसे हो आप बताओ ? दोस्तों मुझे हकीकत में नहीं पता कि आप कैसे खुश हो और इसके लिए क्या करे, बस मैं तो इतना कहना चाहता हूँ कि खुश होने के हर अवसर का उपयोग करे और खुश हो जाए , उठते – बैठते जहा भी हँसा जा सकता है वह जरुर हँसे। जहा भी  खुश हुवा जा सकता है वह जरुर खुश होना चाहिए।